जोश सहनशक्ति से ज़्यादा है — पहले निकल पड़ना ठीक है, रास्ते में सोचिए कि पूरा कैसे करेंगे।
यिन 寅: अभी-अभी उजाला हुआ है, और वसंत का आरंभ भी। साल और दिन दोनों यहीं से चलते हैं।
जोश सहनशक्ति से ज़्यादा है — पहले निकल पड़ना ठीक है, रास्ते में सोचिए कि पूरा कैसे करेंगे।
यिन को अक्सर “आवेगी” कहा जाता है। यह शुरुआत करना है, बेकाबू होना नहीं। असली दिक़्क़त आमतौर पर जल्दी चलने में नहीं, बल्कि इसमें होती है कि बाद में काम सँभालने वाला कोई नहीं होता।